इश्क

Author: kapil sharma / Labels:

इश्क, अजब दर्द की बेहया दास्ताँ
रेजां रेजां लम्हों का, नातमाम बयाँ

2 comments:

शिखा कौशिक said...

very nice .conr8s

ब्लॉग पर पहली बार आई .बहुत अच्छा लगा .बधाई
BHARTIY NARI

NUKTAA said...

thnx Shikha

अंतर्मन